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4.12.16

आवले का अचार



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आवले का अचार


आवले का अचार

नमस्ते जी !

में आज आप को आवले का अचार बनाने कि विधी बताने जा रहा हूँ। मेने बहुत धरो पर आवले अचार बनाते देखा हैं। वह आवले को बोईल (ऊबाल कर ) बनाते हैं। मगर में आप को बिना ऊबाले बनाने कि विधी बता रहा हूँ। जिस से आवले का अचार और बड़िया बनता हैं।

बुनियादी जानकारी:-

  • तैयार के समय 20 मिनिट
  • अचार बनाने के तैयार होने का दिन 20 दिन

नुस्खा के प्रकार: मुख्य  आवला
कार्य करता है।: दो
उपकरणों की आवश्यक्ता
सामग्री:-

  • काँच का बर्तन या चिनी का बर्तन

आवले का अचार के लिए समग्री इस प्रकार हैं।:-

  1. आवला:- दो किलो आवला
  2. तेल:- एक किलो तेल सरसो का
  3. लसण:- आधा किलो लसण
  4. सोफ:-100 ग्राम सोफ
  5. नमक:- आवश्यक्ता के अनुसार
  6. मर्ची पउडर:- मिर्ची पउडर आवश्यक्ता के अनुसार
  7. अचार के मसाले :- 200 ग्राम

बनाने कि विधी इस प्रकार:-
स्‍टेप 1
सब से पहले आप आवले को साफ कर ले और अच्छी तरह से साफ करे और सुखा ले , अब आप आवले पर जो निशान है। उस  निशान से आप काट ले जिस से वह सभी अलग हो जाता है और बिज अलग निकल जता हैं।
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स्‍टेप 2
अब आप आधा किला लसण  और आवला में अचार मसाला डाल कर देखे कि कही नमक और मिर्ची पउडर कम तो नहीं है। और आप उस में मिर्ची पउडर  आवश्यक्ता के अनुसार डाले और आप उस में सोफ भी आवश्यक्ता के अनुसार  डाले एक दिन ऐसा हि रहने दे।
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स्‍टेप 3
अब आप एक दिन बाद में तेल को अच्छी तरह से गरम करे अब  आप गैस को बन्द कर ले और तेल टंडा होने पर आप उस में तेल डाल कर दो दिन बरनी के मुख को सुती कपड़ा से बाद ले।
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स्‍टेप 4
दो दिन बाद आप बर्नी का ढकन लगा ले।
अब आप आवले का अचार  किसी को भी खिलाने पर मुझे पुरा विश्वास हैं। कि आप कि तारिफ जरूर करेगा। अगर यह रेसिपी आप को पसंद आने पर आप इसे दुसरो को भी यह रेसिपी शेयर करे ।

सावधानीः-

  1. तेल को गरम कर के टंडा करके डाले नहीं तो अचार कराब होे सक्ता हैं।
  2. तेल को अच्छी तरह से गरम करे नहीं तो कच्च तेल का खुशबू होगा।
  3. आवले का गलने में समय लगता हैं।
  4. अचार को काँच या चीने के बरतन में ही रखे। अचार को चम्मच से ही निकाले ।
  5. हाथ से खराब हो सकता है।
  6. बरनी का मुहँ कपडे से बांधे दो दिन या तिन दिन के लिए खुला रहने से खराब हो सकता है।
  7. अचार को तेल में डुबाये रखे। खराब नहीं होगा।



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